अपने क्षेत्र के धार्मिक स्थलों की जानकारी सभी तक पहुँचाने में मदद करें। यदि आपके आस-पास कोई मंदिर है जो यहाँ सूचीबद्ध नहीं है, तो कृपया उसे वेबसाइट में जोड़ें।
अभी मंदिर जोड़ेंराजस्थान के धौलपुर शहर के समीप स्थित तीर्थराज मचकुण्ड एक प्रमुख धार्मिक स्थल है, जिसे सभी तीर्थों का भांजा कहा जाता है। यह सुरम्य सरोवर और उसके चारों ओर बसे 108 प्राचीन मंदिरों की श्रृंखला विशेष धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व रखती है। मचकुण्ड का यह पवित्र स्थल धार्मिक आस्था के साथ-साथ प्राकृतिक सौंदर्य का भी अद्भुत संगम है। यहाँ स्नान करने से चर्म रोग जैसी पीड़ाओं से छुटकारा मिलने की मान्यता है, और यही कारण है कि हर साल हजारों श्रद्धालु यहाँ आते हैं।
मचकुण्ड सरोवर का नाम सूर्यवंशी राजा मुचुकुण्द के नाम पर रखा गया है, जो भगवान श्रीराम से उन्नीस पीढ़ी पहले, 24वें सूर्यवंशी राजा थे। यह तीर्थ स्थल त्रेता युग की पौराणिक कथा से जुड़ा हुआ है, जिसमें राजा मुचुकुण्द ने देवासुर संग्राम में देवताओं की सहायता की थी। युद्ध के बाद विश्राम के लिए उन्होंने इसी स्थान का चयन किया, जहां उन्हें देवताओं से वरदान मिला कि जो भी उनके विश्राम में खलल डालेगा, वह उनकी नेत्र ज्योति से भस्म हो जाएगा।
कथा के अनुसार, जब मथुरा पर आक्रमण करने वाले कालियावन का पीछा करते हुए भगवान कृष्ण इस गुफा में पहुंचे, तो उन्होंने सो रहे राजा मुचुकुण्द को अपनी पीताम्बरी ओढ़ा दी। कालियावन ने राजा मुचुकुण्द को कृष्ण समझकर ललकारा, और उसकी इसी गलती से वह मुचुकुण्द की नेत्र ज्योति से भस्म हो गया। इसके बाद भगवान कृष्ण ने मुचुकुण्द को विष्णुरूप के दर्शन दिए, जिससे मुचुकुण्द ने यज्ञ किया और सभी देवी-देवताओं व तीर्थों को बुलाया। इस कारण इस स्थान को तीर्थराज कहा जाता है और इसे सभी तीर्थों का भांजा माना जाता है।
तीर्थराज मचकुण्ड का ऐतिहासिक महत्व त्रेता युग से जुड़ा हुआ है। यहाँ की पौराणिक कथा और धार्मिक अनुष्ठानों ने इसे एक महत्वपूर्ण धार्मिक स्थल बना दिया है। इसके साथ ही, यहाँ का प्राकृतिक सौंदर्य और शांत वातावरण इसे तीर्थयात्रियों के लिए एक आदर्श स्थान बनाते हैं।
सालभर में कई धार्मिक आयोजन और मेलों के दौरान यह स्थान भक्ति और उत्सव से जीवंत हो जाता है। साथ ही, यहाँ की पवित्रता और शांति इसे धार्मिक और सांस्कृतिक दोनों ही दृष्टियों से अनमोल बनाते हैं।
मचकुण्ड, धौलपुर तक कैसे पहुँचें:
मचकुण्ड धौलपुर शहर से लगभग 3 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है और जी.टी. रोड से आसानी से पहुँचा जा सकता है। यहाँ तक पहुँचने के लिए कई परिवहन सुविधाएँ उपलब्ध हैं:
अगर आप मचकुण्ड की सुंदरता को और करीब से देखना चाहते हैं, तो इस इंस्टाग्राम पोस्ट पर जाकर उसके सुरम्य दृश्य का आनंद ले सकते हैं। यह आपको मचकुण्ड की प्राकृतिक और धार्मिक भव्यता का एक सुंदर झलक देगा।
तीर्थराज मचकुण्ड न केवल एक धार्मिक स्थल है, बल्कि यह पौराणिक कथा, आस्था, और सांस्कृतिक धरोहर का अद्वितीय संगम भी है। यहाँ का पवित्र सरोवर, मंदिर श्रृंखला, और विशेष धार्मिक आयोजन इसे तीर्थयात्रियों के लिए एक अद्वितीय स्थान बनाते हैं। चर्म रोगों से मुक्ति की मान्यता और यहाँ की प्राकृतिक सुंदरता इसे और भी अधिक महत्वपूर्ण बनाती हैं। यदि आप शांति, भक्ति, और पवित्रता का अनुभव करना चाहते हैं, तो मचकुण्ड धौलपुर की यात्रा अवश्य करें।
Join Gurudev Sri Sri Ravi Shankar ji for a deeply uplifting evening of meditation, wisdom, and satsang. Experience inner calm, clarity, and joy through guided meditation and timeless spiritual insights. A rare opportunity to be in the presence of one of the world’s most respected spiritual leaders. Open to all seekers.
*This Program is designed by Gurudev himself.
कृपया अपनी बहुमूल्य प्रतिक्रिया लिखें
हमारे साथ जुड़ें और अपनी आध्यात्मिक यात्रा को आगे बढ़ाएं। अभी लॉगिन करें!
साइन अप करें लॉगिन करें